रानीखेत (अल्मोड़ा)। तहसील के सुदूरवर्ती भिटारकोट गांव में निर्माणाधीन पेयजल योजना से कफाड़ तोक को वंचित रखने का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने आक्रोश जताया है। हालांकि अभी इस योजना के सर्वे का कार्य चल रहा है। ग्रामीणों का कहना है कि कुछ हिस्से में पाइप लाइन बिछाई जा रही है, लेकिन कफाड़ तोक में अभी तक सर्वे नहीं हुआ है, जबकि खांकर तोक में लोग नहीं रहते वहां भी लाइन बिछाई जा रही है। ग्रामीणों ने जल निगम के अधिकारियों से मुलाकात कर कफाड़ तोक को वंचित रखने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।
ग्रामीणों का कहना है कि भिटारकोट गांव के लिए लालर के गधेरे पेयजल योजना बन रही है, लेकिन कफाड़ तोक में अभी तक लाइन के लिए सर्वे का कार्य नहीं हुआ है। जिस तोक में लोग नहीं रहते वहां प्राथमिकता दी जा रही है। कहा कि खांकर तोक में पूर्व में एक परिवार रहता था वह भी बाहर चले गए हैं, जबकि कफाड़ तोक में चार परिवार रहते हैं, वहां पानी की किल्लत है। यदि कफाड़ तोक को पानी से वंचित रखा गया तो ग्रामीण आंदोलन करेंगे। इधर जल निगम के अधिकारियों ने किसी भी तोक को पानी से वंचित नहीं रखने का आश्वासन दिया है।
इधर, ग्रामीणों ने कहा कि प्रधान भी इस संबंध में चुप्पी साधे हुए हैं। ज्ञापन सौंपने वालों में कमल कुमार, देवकी देवी, दीपा देवी, रेवती देवी, रेनू देवी, आशा देवी, फकीर चंद्र, पनी राम, हरीश चंद्र, पूनम आर्य, प्रेमा देवी, गंगा देवी, हेमा देवी, बिमला देवी, शांति देवी, किशोर लाल सहित तमाम ग्रामीण शामिल थे। जल निगम के एई डीएस रौतेला ने बताया कि योजना सभी तोकों के लिए है। कफाड़ तोक को पानी से वंचित नहीं किया जा रहा है।