अल्मोड़ा। राज्य कर्मचारी संयुक्त परिषद के आह्वान पर वेतन विसंगति दूर करने समेत विभिन्न मांगों को लेकर घटक कर्मचारी संगठनों के सदस्यों ने दूसरे दिन भी विकास भवन प्रांगण में धरना दिया और सभा की। मांगों पर कार्रवाई नहीं होने पर कर्मचारियों ने रोष जताया। विभिन्न विभागों के कर्मचारी संगठन विकास भवन पहुंचे और धरना दिया। उन्होंने आरोप लगाया कि एसीपी के तहत प्रोन्नत वेतनमान 10, 16 औ 26 वर्ष में दिए जाने की पूर्व व्यवस्था लागू नहीं की जा रही है। केंद्र की भांति सातवें वेतनमान के अंतर्गत भत्ते और एरियर का भुगतान राज्य सरकार नहीं कर रही है। 50 वर्ष की आयु पर अनिवार्य सेवानिवृत्ति पर मानवीय दृष्टिकोण से पुन: समीक्षा की जानी चाहिए। दुर्गम और अति दुर्गम क्षेत्र में तैनात कर्मचारियों को भत्ता दिए जाने, राज्य कर्मचारियों को प्रतिमाह 1200 रुपये यात्रा भत्त देने आदि की मांग भी लंबित है। ऐलान किया गया कि 11 अक्तूबर को प्रात: दस बजे से पं. गोविंद बल्लभ पंत पार्क में धरना दिया जाएगा। इसके बाद अपराह्न दो बजे से मशाल जुलूस निकाला जाएगा।सभा की अध्यक्षता पंकज कुमार कांडपाल और संचालन गोपाल राम ने किया। प्रदर्शन में हरीश जोशी, हरीश चंद्र सुयाल, नवीन भोज, कोमल साह, नीता पांडे, केशर बिष्ट, शंकर दत्त तिवारी, कुंदन सत्यपाल, उमेद सिंह गैड़ा, अनिल जोशी, भगवान दुर्गापाल, कैलाश चंद्र जोशी, राजन लाल वर्मा, चांदवीर गौतम, प्रताप सिंह, उमापति पांडे, जीवन चंद्र तिवारी आदि ने विचार रखे।