अल्मोड़ा। मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने युवाओं में नशे की प्रवृत्ति बढ़ने पर चिंता जताते हुए डीएम और एसएसपी से इस पर रोक के लिए जरूरी कदम उठाने, जागरूकता अभियान चलाने पर जोर दिया। वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से उन्होंने नशीले पदार्थों और ड्रग्स आदि का धंधा चलाने वालों पर कार्रवाई करने को कहा।
मुख्यमंत्री ने बढ़ती आपराधिक घटनाओं पर भी चिंता जताई और अधिकारियों से इसके लिए भी जरूरी कार्रवाई करने को कहा। उन्होंने मानसून के दौरान आपदा संबंधी सूचनाओं में जिला और राज्य स्थित आपदा केंद्र की सूचनाओं में एकरूपता का विशेष ध्यान रखने, आपदा से निपटने के लिए आपदा मोचन निधि से आवंटित धनराशि को समय पर खर्च करने के निर्देश दिए।
उन्होंने पाबंदी के बावजूद पॉलिथीन का प्रयोग करने के मामले प्रकाश में आने पर डीएम से कार्रवाई करने, आपदा के दौरान विभागीय परिसंपत्तियों को पहुंचे नुकसान का आगणन शीघ्र तैयार कर काम शुरू करने, बंद सड़कों को खोलने, क्षतिग्रस्त पुलों का जल्द निर्माण करने, बिजली पानी की व्यवस्था दुरुस्त रखने, जिले में खाद्यान्न, मिट्टी तेल का कोटा सुदूर ग्रामीण अंचलों तक पहुंचाने के निर्देश दिए। वहां डीएम नितिन सिंह भदौरिया, एसएसपी पी रेणुका देवी, सीडीओ मयूर दीक्षित, डीएफओ पंकज कुमार, एडीएम केएस टोलिया, आपदा प्रबंधन अधिकारी राकेश जोशी, अग्निशमन अधिकारी वंश बहादुर यादव आदि थे।
बागेश्वर में एसपी मुकेश कुमार, सीडीओ एसएस पांगती, एडीएम राहुल कुमार गोयल, डीएफओ आरके सिंह, सीएमओ जेसी मंडल, डीडीओ केएन तिवारी, एसडीएम राकेश चंद्र तिवारी, वरिष्ठ कोषाधिकारी नीतू भंडारी आदि थे।