टक्कर इतनी जोरदार थी कि बाइक क्षतिग्रस्त हो गई और जितेंद्र के सिर, गर्दन और पैर में गंभीर चोटें आईं। स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे और पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस उसे हरहुआ प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र ले गई जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
जेब से मिले आधार कार्ड से उसकी पहचान हुई। पुलिस ने परिजनों को हादसे की सूचना दी तो परिजनों में कोहराम मच गया। तीन बहनों में जितेंद्र इकलौता भाई था। उसकी कुछ साल पहले शादी हुई थी और उसका 6 महीने का एक बेटा भी है।