स्वयं सहायता समूह की महिलाओं को पानी का महत्व बताया जा रहा है, ताकि वह लोगों को जल संरक्षण के प्रति जागरूक कर सकें। अभियान के तहत अब तक 40-40 के चार समूह में महिलाओं को भेलूपुर और सारनाथ वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का भ्रमण कराया गया। इन्हें पानी को शुद्ध करने की तकनीक बताई जा रही है।
ये महिलाएं जानकारी लेने के बाद अपने सदस्यों के साथ गांव के लोगों को पानी बचाने और पानी का दोबारा इस्तेमाल करने के बारे में बताएंगी। केंद्र सरकार की ओर से जल दिवाली कार्यक्रम चलाया जा रहा है। पानी बचाने के लिए महिलाएं जल अभियान चला रही हैं। इसमें दीनदयाल अंत्योदय योजना शहरी आजीविका मिशन के तहत महिला समूहों को जागरूक किया जा रहा है। इन महिलाओं को जागरूक करने की जिम्मेदारी डूडा और जलकल को दी गई है। जलकल के सचिव सिद्धार्थ कुमार ने बताया कि महिलाओं को जल की गुणवत्ता बताई जा रही हैं। किस प्रकार से हम लोग गंगा के पानी को साफ करके लोगों को पिला रहे हैं। इन्हें इसकी पूरी तकनीक समझाई जा रही है। लाएं अपने अपने इलाकों में जाकर लोगों को जल का महत्व बताएंगी। डूडा के शहरी मिशन प्रबंधक सुशील कुमार सिंह ने बताया कि हम लोगों का पूरा प्रयास है कि अधिक से अधिक महिला समूहों को जानकारी दें। इसके लिए उन्हें वाटर ट्रीटमेंट प्लांट का भ्रमण कराया जा रहा है।