फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

लोकनायक की जयंती पर हुआ पुष्पांजलि एवं संगोष्ठी का आयोजन

विज्ञापन
विज्ञापन
महात्मा गांधी काशी विद्यापीठ के कुलपति प्रो. टीएन सिंह ने कहा कि स्वतंत्र भारत के इतिहास में जयप्रकाश नारायण एक ऐसे नेता थे जिन्होंने सत्ता को ठुकराकर जनसेवा के मार्ग को चुना। वह सादगी और सरलता के भी प्रतीक व क्रांतिशोधक थे। वे रविवार को लोकनायक जयप्रकाश नारायण की जयंती पर आयोजित ऑनलाइन पुष्पांजलि एवं संगोष्ठी कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
विज्ञापन

इतिहास तथा पत्रकारिता एवं जनसंचार विभाग के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित कार्यक्रम को संबोधित करते हुए कुलपति ने कहा कि काशी विद्यापीठ को विश्वविद्यालय का दर्जा दिलाने में उनका विशेष योगदान रहा, इसलिए जयप्रकाश जी काशी विद्यापीठ की धरोहर हैं। ऐसे में आवश्यक है कि काशी विद्यापीठ में जेपी चेयर का गठन किया जाय।
नेहरू ग्राम भारती विश्वविद्यालय प्रयागराज के कुलपति प्रो. राममोहन पाठक ने कहा कि काशी विद्यापीठ का उद्देश्य अन्य विश्वविद्यालयों से अलग है। विद्यापीठ की आत्मा उसके भवनों और आधारभूत संरचनाओं में नहीं बल्कि उसके मूल्यानुगत शिक्षा पद्धति में होनी चाहिए। गांधी स्मृति एवं दर्शन समिति नई दिल्ली के निदेशक डॉ. दीपांकर श्रीज्ञान ने कहा कि राष्ट्रीय आंदोलन के मूल में राष्ट्रवाद है। इस दौरान जयप्रकाश नारायण विश्वविद्यालय छपरा के पूर्व कुलपति प्रो. हरिकेश सिंह, गांधी अध्ययन पीठ के पूर्व निदेशक प्रो. राम प्रकाश द्विवेदी, प्रो. योगेन्द्र सिंह, डॉ. विनोद कुमार सिंह, प्रो. शशिदेवी सिंह आदि रहे।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें