चिरईगांव के टूड़ी नगर जाल्हुपुर की रामलीला में भरत मिलाप के उपलक्ष्य में बुधवार को श्री कच्चा बाबा अखाड़े में पारंपरिक कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया। करीब तीन सौ साल पुरानी इस परंपरा में 40 जोड़ी पहलवानों ने अपने दमखम और दांव-पेंच से दर्शकों को रोमांचित किया। दंगल का शुभारंभ पीठाधीश्वर आनंद देव सरकार ने पहलवानों का हाथ मिलाकर कराया।
दंगल का सबसे रोमांचक मुकाबला काशी के विशाल पहलवान और बलिया के सागर के बीच हुआ। दोनों के बीच निर्धारित दस मिनट तक जोरदार संघर्ष चला, लेकिन कोई भी दूसरे को चित नहीं कर सका। दर्शकों की मांग पर मुकाबले के लिए दो मिनट का अतिरिक्त समय दिया गया। इसके बाद विशाल ने बहरी पट दांव लगाकर सागर को चित कर दिया। जीत के साथ विशाल ने 21 हजार रुपये का पुरस्कार अपने नाम किया। निर्णायक क्षण में दर्शकों ने तालियां बजाकर पहलवान का उत्साह बढ़ाया।
वाराणसी, चिरईगांव
- फोटो : अमर उजाला
अन्य मुकाबलों में बरियासनपुर के मनोज ने दोहरी पट दांव लगाकर गया सेठ अखाड़े के सूरज को पटखनी दी। सिधौना के विनायक ने जनेऊ दांव से रमना के रूपेश को चित किया। जाल्हुपुर के प्रिंस यादव और अजगरा के हरिशंद्र के बीच भी जोरदार मुकाबला हुआ। वहीं, नरायनपुर के कृष्ण और गया सेठ अखाड़े के अरुण यादव ने ईरानी और ढांक दांव का प्रदर्शन कर दर्शकों का उत्साह बढ़ाया।
दंगल के दौरान पहलवानों के शानदार प्रदर्शन पर अखाड़ा तालियों की गड़गड़ाहट से गूंजता रहा। मुकाबलों में मनमोहन, शंकर और एनआईएस कोच राधेश्याम पहलवान ने रेफरी की भूमिका निभाई। कार्यक्रम का संचालन फौजी राजेश पहलवान और राष्ट्रीय पहलवान बमबम यादव ने किया।
इस अवसर पर बिनोद सिंह, राजा पहलवान, रामजी प्रधान, विनोद पाल और भूपेंद्र मिश्रा सहित बड़ी संख्या में कुश्ती प्रेमी और क्षेत्रीय लोग उपस्थित रहे।