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Varanasi News: 50 फीट की सड़क पर 30 फीट कब्जा, एक लेन पर अफसर तो दूसरी पर वकील; परेशान होते आमजन

Mon, 09 Feb 2026 05:49 AM IST
अमन विश्वकर्मा अमर उजाला नेटवर्क, वाराणसी।

सार

Varanasi News: वाराणसी के कचहरी के आसपास लोगों को जाम का सामना हर वक्त करना पड़ता है। यहां सड़क के आधे से ज्यादा हिस्से पर मनमाने तरीके से वाहन खड़े होते हैं। इस कारण आमजन को काफी परेशानियां होती हैं।
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कचहरी परिसर के पास खडे खहन और लगा जाम। - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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Traffic Jam: वाराणसी शहर की 50 फीट चौड़ी सड़क पर जब 30 फीट तक अतिक्रमण कर लिया जाए, तो जाम और अव्यवस्था तय है। हैरानी की बात यह है कि यह कब्जा किसी ठेले-खोमचे वालों ने नहीं, बल्कि दो सरकारी विभागों और प्रबुद्ध वर्ग के लोगों ने किया है। 

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एक लेन पर प्रशासनिक अधिकारियों के वाहन खड़े होते हैं, जबकि दूसरी लेन पर वकीलों, फरियादियों और बुद्धिजीवियों की गाड़ियां खड़ी रहती हैं। नतीजा यह है कि महज 400 मीटर के इस अतिक्रमण वाले हिस्से का असर तीन किलोमीटर के दायरे में आवागमन को प्रभावित करता है। हालांकि, पुलिस यहां अतिक्रमण अभियान चलाने से घबराती है।

यहां कार्रवाई का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि 365 दिनों में पुलिस या ट्रैफिक विभाग ने एक भी कार्रवाई नहीं की। अगर हुई भी तो वह केवल वीवीआईपी मूवमेंट के दौरान। यह इलाका पुलिस लाइन से कचहरी और नदेसर तक रोजाना जाम की चपेट में रहता है। सुबह और शाम के वक्त तो हालात और बदतर हो जाते हैं। स्कूली वाहन, एंबुलेंस, मरीज, नौकरीपेशा लोग और आम नागरिक घंटों जाम में फंसे रहते हैं। 
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स्थानीय लोगों का कहना है कि सड़क की एक लेन पर जिला और अन्य विभागों के अधिकारियों की गाड़ियां खड़ी रहती हैं, जबकि दूसरी लेन पर वकीलों के वाहन और निजी कारें। इस तरह से दोनों ओर से सड़क सिकुड़कर महज 10-15 फीट की रह जाती है। इसी संकरी जगह से चार पहिया, दो पहिया, ऑटो, ई-रिक्शा और बसें निकलने को मजबूर हैं।

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चार सौ मीटर की गलती, तीन किलोमीटर की सजा
चार सौ मीटर के अतिक्रमण के कारण पुलिस लाइन, कचहरी, नदेसर, सर्किट हाउस, शिवपुर, भोजूबीर और पांडेयपुर का इलाका प्रभावित होता है। सुबह 10 बजे से लेकर शाम 5 बजे तक वाहनों की कतार इस मार्ग को जाम में फंसा कर रखती है। इसी रास्ते से रोजाना पुलिस आयुक्त, जिलाधिकारी और शासन-प्रशासन से जुड़े अधिकारी और न्यायाधीश गुजरते हैं।
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