बीते पांच अप्रैल को राजघाट तिराहे के पास मैनहोल में उतरे जल निगम के आउटसोर्सिंग सफाईकर्मी घूरे लाल की मौत की जांच 17 दिन बाद भी पूरी नहीं हो पाई। जिलाधिकारी एस राजलिंगम ने डिप्टी कलेक्टर राजस्व पिनाक पाणि द्विवेदी को मजिस्ट्रेटी जांच की जिम्मेदारी सौंपी थी। एक सप्ताह में जांच रिपोर्ट मांगी। 12 अप्रैल तक जांच अधिकारी को रिपोर्ट देनी थी, लेकिन 22 अप्रैल बीतने के बाद भी जांच पूरी नहीं हो सकी।
जांच अधिकारी ने कहा कि इस समय चुनाव ड्यूटी में लगे हैं। इस नाते जांच अभी पूरी नहीं हुई है। जल निगम और अन्य अधिकारियों से कुछ कागजात मांगे हैं। सभी पक्षों को जानने के बाद ही फैसला दिया जाएगा। सभी पक्षों को सुना गया है। मौके का निरीक्षण भी किया गया था। एजेंसी से कागजात मांगे गए हैं। इसके आधार पर दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी। साथ ही सफाई कर्मचारियों को सुरक्षा उपकरण के बगैर सीवर में न उतारा जाए। इसके लिए कड़ा पत्र संबंधित विभागों को जारी किया गया है। भविष्य में इस प्रकार की लापरवाही पर कार्रवाई होनी तय है।