वाराणसी के पंडित दीनदयाल उपाध्याय हस्तकला संकुल को पर्यटन के फलक पर चमकाने की तैयारी है। इसके लिए वस्त्र मंत्रालय ने पर्यटन मंत्रालय को पत्र भेजा है। पर्यटन की वेबसाइट और जारी होने वाली बुकलेट में संकुल को समुचित महत्व के साथ शामिल करने का आग्रह किया है ताकि देश-दुनिया के पर्यटक इसके बारे में जान पाएं।
जब भी वह काशी आएं तो संकुल घूमने आएं। संकुल तक सैलानियों की आवाजाही बढ़ाने के लिए जल्द ही टूर ऑपरेटर्स और टूर एंड ट्रैवेल्स के प्रतिनिधियों की कार्यशालाएं भी आयोजित की जाएंगी। उनसे अपील की जाएगी कि वह सैलानियों को संकुल के बारे में जानकारियां दें।
उन्हें यहां घूमाने जरूर ले आएं। पर्यटकों के लिहाज से संकुल में बेहतरीन तैयारियां हैं। हस्तशिल्प उत्पादों के संग्रहालय के साथ ही यहां खान-पान की सुविधाएं उनके लिए खास होंगी।
संकुल की खासियतों और उनके आकर्षक चित्रों को पर्यटन मंत्रालय की वेबसाइट पर अपलोड करने के साथ ही शहर के प्रवेश और निकास द्वार के अलावा प्रमुख पर्यटन स्थलों पर होर्डिंग लगाई जाएगी। अन्य माध्यमों से भी संकुल के प्रचार-प्रसार को बढ़ावा दिया जाएगा। इसके लिए मंत्रालय स्तर पर तैयारी की जा रही है।
वस्त्र मंत्रालय के एडिशनल डेवलपमेंट कमिश्नर अनिल राजकुमार का कहना है कि हस्तकला संकुल को पर्यटन के फलक पर ले जाने के लिए कई योजनाएं तैयार हैं। इन्हें एक-एक कर कार्यान्वित किया जाएगा। प्रचार-प्रसार, ट्रांसपोर्टेशन और मेंटनेंस आदि से जुड़ी योजनाएं एक से दो महीने में मूर्तरूप ले लेंगी।