पितृपक्ष की पंचमी पर त्रिपिंडी श्राद्ध के लिए यजमानों के आने का सिलसिला शुरू हो चुका है। पिशाच मोचन कुंड की रौनक लौटने से तीर्थ पुरोहितों ने भी राहत की सांस ली। रविवार को जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा ने अपने पितरों की शांति के लिए पिशाच मोचन कुंड पर त्रिपिंडी श्राद्ध किया। रविवार को जिलाधिकारी पिशाच मोचन कुंड पर पहुंचे। उन्होंने त्रिपिंडी श्राद्ध करने के बाद पिशाच मोचन कुंड की व्यवस्थाओं का भी जायजा लिया। उन्होंने तीर्थ पुरोहितों से कुंड पर इंतजामों के बारे में जानकारी ली। सोशल डिस्टेंसिंग के साथ श्राद्ध और तर्पण का भी निर्देश दिया। वहीं दूसरी तरफ गंगा के घाटों पर भी श्राद्ध व तर्पण के लिए भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे।
पिशाचमोचन तीर्थ पर रविवार को गायत्री परिवार की ओर से पितृ तरु वितरण समारोह का आयोजन किया गया। जिलाधिकारी कौशल राज शर्मा, पुलिस अधीक्षक वायरलेस अमित कुमार श्रीवास्तव ने पौधे बांटकर शुभारंभ किया। रविवार को समारोह में त्रिपिंडी श्राद्ध के लिए आने वालों में 108 पौधे बांटे गए और श्रद्धालुओं से अपने पितरों के निमित्त पौधे लगाने का आग्रह किया गया। गंगाधर उपाध्याय ने बताया कि यह कार्यक्रम 17 सितंबर तक चलेगा। श्रद्धालुओं में प्रतिदिन 108 पौधों का वितरण किया जाएगा। इस दौरान मुन्ना लाल मिश्रा, सत्यप्रकाश गुप्ता, सर्वेश पांडेय, चंदन तिवारी, रितेश पांडेय, श्यामानंद सिंह मौजूद रहे।
पितृपक्ष पर पूर्वजों की स्मृति में जागृति फाउंडेशन द्वारा चलाए जा रहे पौधा वितरण और पौधरोपण अभियान के पांचवें दिन अस्सी स्थित प्राचीन शीतल दास अखाड़ा में गोलोक वासी पंडित राम सिंगार मिश्र की स्मृति में पौधरोपण हुआ। इस दौरान रामशरण दास, डॉ. जयप्रकाश मिश्र, गणेश नारायण तिवारी, मनोज यादव, रामयश मिश्र आदि रहे।