दिन-रात से ज्यादा अंतर, सामान्य-वास्तविक तापमान में रहा
बनारस के दिन और रात के तापमान से ज्यादा अंतर, दिन के ही सामान्य और वास्तविक तापमान के बीच दिखाई दिया। शनिवार को बनारस के अधिकतम तापमान 31.2 डिग्री और न्यूनतम पारा 26.8 डिग्री के बीच सिर्फ पांच डिग्री का ही अंतर रहा। जबकि वास्तविक तापमान सामान्य से 5.7 डिग्री नीचे खिसका गया। हवा में नमी 85 फीसदी से ज्यादा रही।
मानसून की दस्तक के बाद हल्की बारिश होने पर ही जिले के अस्पतालों में जगह-जगह पानी भरना शुरू हो गया है। इससे मरीजों और तीमारदारों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। शनिवार को जिला महिला अस्पताल कबीरचौरा से लेकर दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल सहित अन्य अस्पतालों पर बारिश का पानी जमा दिखा।
बरसात का मौसम आते ही मौसमी बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। इधर, अस्पतालों में भी मरीजों, तीमारदारों को इस मौसम में घर के आसपास समुचित जल निकासी, साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने को कहा जाता है। अब जिस तरह से अस्पतालों में जल भराव देखने को मिल रहा है, उससे कहीं न कहीं जल निकासी की व्यवस्था पर भी सवाल उठ रहे हैं।
शनिवार को महिला अस्पताल कबीरचौरा में ओपीडी से वार्ड और अल्ट्रासाउंड की ओर जाने वाले दोनों रास्ते पर पानी भरा रहा। महिला मरीज, तीमारदार भी इसी रास्ते से गुजर रहे थे। मंडलीय अस्पताल कबीरचौरा में भी ओपीडी गेट के बाहर टीबी कार्यालय तक जाने वाले रास्ते पर भी पानी जमा रहा।
इमरजेंसी के बाहर से वार्ड की ओर जाने वाले रास्ते पर भी जलभराव की स्थिति रही। मरीजों को इसी रास्ते से आना-जाना पड़ा। इसी तरह की स्थिति दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल की भी है। यहां अस्पताल के मेन गेट के बाहर इतना पानी जमा है कि इधर से गुजरना मुश्किल है। इसी रास्ते से अधिकारी और डॉक्टर भी आते जाते हैं लेकिन तब भी जल निकासी की व्यवस्था नहीं हो पाई।