वाराणसी में एक दर्दनाक सड़क हादसे में बाइक सवार दो युवकों की मौत हो गई। यहां पर एक ट्रक ने बाइक पर सवार दो युवकों को चपेट में ले लिया जिससे दोनों की मौके पर ही मौत हो गई। दोनों युवकों के शव क्षत-विक्षत हो गए।
लंका थाना क्षेत्र के नुआंव में मंगलवार की सुबह रोहनिया की तरफ से आ रहे तेज रफ्तार ट्रक की चपेट में आने से उनकी मौत हुई। इससे नाराज ग्रामीणों ने ट्रक चालक मुरारी यादव व खलासी हरिश्चन्द्र को बंधक बना लिया और पुलिस को सौंपा। ग्रामीण सड़क पर ब्रेकर बनाने की मांग को लेकर जाम लगाने लगे। पुलिस ने किसी तरह उन्हें शांत कराया। मृतक शिव राजभर (23) और शक्ति विश्वकर्मा (25) रोहनिया के रहने वाले हैं।
रोहनिया के गंगापुर निवासी शिव राजभर और दरेखू गांव निवासी शक्ति विश्वकर्मा डाफी स्थित निजी कंपनी में कार की पेंटिंग व डेंटिंग का काम करते थे। रोज की भांति दोनो एक ही मोटरसाइकिल से घर से डाफी स्थित कंपनी के लिए निकले थे। नरायनपुर के पास राष्ट्रीय राजमार्ग पर नवनिर्मित पुल पर आवागमन बंद होने से एनएच-2 से सर्विस रोड पर मोड़ पर ट्रक के अगले पहिए की चपेट में आने से शिव व शक्ति की मौके पर ही मौत हो गई।
दोनो का शव ट्रक में फंसकर करीब दस मीटर तक घिसटता रहा। हादसे के बाद ट्रक चालक मुरारी यादव व खलासी हरिश्चंद्र ट्रक छोड़कर भागने लगा। जिसे ग्रामीणों ने पकड़कर कमरे में बंद कर दिया। सूचना के बाद मौके पर लंका थानाध्यक्ष संजीव मिश्रा एवं रोहनिया थानाध्यक्ष क्षितिज तिवारी पहुंचे।
ट्रक चालक मुरारी यादव ने पुलिस को बताया कि फैजाबाद से ट्रक पर चीनी लादकर चला था और मिर्जापुर में उतारकर ट्रक लेकर चंदासी स्थित कोयला मंडी जा रहा था। शिव की माता राधा देवी व पिता सुभाष राजभर रिक्शा चलाकर परिवार का भरण पोषण करते हैं। शिव तीन भाई व दो बहनों में दूसरे नंबर पर था। शक्ति विश्वकर्मा के पिता कई वर्षों से लापता हैं। माता सितारा देवी हैं। शक्ति दो भाई व दो बहनों में सबसे बड़ा था।