शहर को सुव्यवस्थित रूप से विकसित करने के लिए वीडीए की नियोजित टाउनशिप प्लानिंग और लैंड पूलिंग स्कीम लाई गई है। जिसका सेक्टर आधारित विकास किया जाएगा। वीडीए उपाध्यक्ष पुर्ण बोरा ने बताया कि किसानों को यह समझाया जा रहा है कि लैंड पूलिंग योजना से बिना पारंपरिक भूमि अधिग्रहण के उनकी भूमि का नियोजित, संतुलित और दीर्घकालिक विकास किया जा सकता है। जिससे उन्हें कई लाभ प्राप्त होंगे। जमीन की कीमत भी बढ़ेगी। उन्होंने बताया कि भूमि स्वामियों को अधिग्रहण की तुलना में लगभग 5 से 10 गुना तक लाभ मिलने की संभावना रहती है। 25 प्रतिशत विकसित भूमि मॉडल अपनाया जाएगा। इस मॉडल में संपूर्ण भूमि का विकास वीडीए करेगा। विकसित भूमि का लगभग 25–30 प्रतिशत भाग संबंधित किसान/भू-स्वामी को वापस दिया जाएगा। लैंड पूलिंग में भाग लेने वाले किसानों से कोई विकास शुल्क नहीं लिया जाएगा। इससे न केवल किसानों को फायदा होगा बल्कि बेहतर विकास भी होगा। चारों ओर नए टाउनशिप विकसित किए जाएंगे। किसानों को अपनी जमीन की उचित कीमत नहीं मिलती है। इस चक्कर में दिक्कत आती है। बनारस के इनर और आउटर रिंग रोड किनारे टाउनशिप विकसित करने की योजना बनाई गई है। हरहुआ से राजातालाब के बीच बसे गांवों का तेजी से विकास होगा। आसपास होटल, कमर्शियल कांप्लेक्स, आईटी इंडस्ट्रीज, ग्रीन एरिया भी विकसित होंगे।