ग्राम्य विकास विभाग के कर्मचारियों और अधिकारियों ने गुरुवार को ब्लॉक बचाओ, पंचायत बचाओ नारे के साथ आंदोलन की शुरूआत की। उत्तर प्रदेश ग्राम्य विकास महापरिषद के आह्वान पर विकास भवन के अलावा हरहुआ, चोलापुर और चिरईगांव ब्लॉक में काली पट्टी बांधकर काम किया गया। कर्मचारियों और अधिकारियों ने सरकार पर अलगाव की नीति को बढ़ावा देने का आरोप लगाया। यह विरोध 18 जुलाई तक चलेगा। 19 को सामूहिक अवकाश पर जाएंगे। इसके बाद 21 से 23 तक मुख्यमंत्री का ध्यान आकर्षित करने के लिए कार्य बहिष्कार करेंगे।
विकास भवन में कर्मचारी नेताओं ने पंचायतों और ब्लाकों को मजबूती देने, खंड विकास अधिकारियों के अधिकार बढ़ाने और एकल खिड़की व्यवस्था लागू करने की मांग उठाई। विकास खंडों में सभी विभागों के अधिकारियों नियुक्ति करने की मांग की गई ताकि ग्रामीणों को सरकारी योजनाओं का समुचित लाभ मिल सके। लाभ ग्रामीणों को मिल सके। विरोध प्रदर्शन में हुबलाल, पीसी पटेल, वीके राय, संतोष कुमार, बृजेश सिंह, अजीत कुमार, वारिस नदाफ, जयहिंद पटेल, रघुवंश सिंह आदि शामिल रहे।
इसी तरह हरहुआ ब्लॉक में अधिकारियों और कर्मचारियों ने बांह में काली पट्टी बांधकर विरोध प्रदर्शन किया। प्रादेशिक विकास सेवा दल, ग्राम विकास अधिकारी संघ, ग्राम विकास मिनिस्ट्रीयल, डीआरडीए एसोसिएशन, उप्र मनरेगा कार्मिक कल्याण संगठन, मनरेगा तकनीकी सहायक संगठन, कंप्यूटर वेलफेयर एसोसिएशन, ग्राम रोजगार सेवक, पंचायत मित्र एसोसिएशन, वाहन चालक संघ उप्र गाम विकस चतुर्थ श्रेणी संघ के सदस्यों ने सरकार के खिलाफ आवाज बुलंद की। विरोध प्रदर्शन में बीडीओ उमादेवी गुप्ता, एडीओ अवधेश सिंह, वंदना झा, रविंद्र यादव, बृजेश सिंह, हरिश्चंद्र भारती, रामनारायण, महेंद्र, अनंत अवस्थी आदि शामिल थे। चिरईगांव ब्लॉक मुख्यालय पर विरोध प्रदर्शन में सहायक सांख्यिकी अधिकारी सुरेश चंद्र मिश्र, सहायक विकास अधिकारी सहकारिता रजनीश पांडेय, पीके सिंह, सुनील पांडेय, राजेश वर्मा, सतीश यादव, शहनाज बेगम और प्रेमशंकर आदि शामिल रहे।
दानगंज संवाददाता के अनुसार चोलापुर ब्लॉक मुख्यालय में एक छत के नीचे सभी विभागों को जोड़ने, सामूहिक तौर पर कार्य लेने समेत अन्य मांगों को लेकर कर्मचारियों, अधिकारियों ने विरोध प्रदर्शन किया। प्रांतीय सेवा विकास संघ के जिला अध्यक्ष एवं बीडीओ चोलापुर श्रवण राय, गिरीश चंद्र श्रीवास्तव, अनिल सिंह, मासूक खान, रतन शंकर पांडेय, श्याम बाबू दोहरे और वीरेंद्र आदि शामिल थे।