सरकारी अस्पतालों में पैथालॉजी, अल्ट्रासाउंड और एक्सरे जांच की सुविधा पटरी से उतरी है। जिले के सरकारी अस्पतालों में तीन दिन ही अल्ट्रासाउंड और एक्सरे हो पाता है। इसी तरह बीएचयू के अस्पताल में एमआरआई की लंबी वेटिंग है। डेढ़ महीने बाद जांच कराने के लिए बुलाया जा रहा है। अल्ट्रासाउंड में चार से दस दिन की वेटिंग है।
बीएचयू अस्पताल : एमआरआई और कलर डॉप्लर के लिए मिल रही तारीख
बीएचयू अस्पताल में एमआरआई और कलर डॉप्लर अल्ट्रासाउंड के लिए लंबी तारीख मिल रही है। शनिवार की दोपहर स्वागत कक्ष में जांच का फार्म लेकर मरीज पहुंचे तो अल्ट्रासाउंड के लिए 29 नवंबर से एक दिसंबर तक का समय दिया गया। एमआरआई के लिए एक से डेढ़ महीने का समय दिया जा रहा है। बहुत प्रयास के बाद किसी की जांच उसी दिन हो जा रही है, लेकिन सामान्य मरीजों को दी तारीख पर ही आना पड़ता है।
मंडलीय अस्पताल : बिना एक्सरे कराए लौटना मजबूरी
कबीरचौरा स्थित मंडलीय अस्पताल में सप्ताह के तीन दिन ही एक्सरे हो पाता है। इससे मरीजों को परेशानी होती है। दरअसल, मंडलीय अस्पताल में टेक्नीशियन नहीं है। शास्त्री अस्पताल रामनगर से टेक्नीशियन को सोमवार, बुधवार और शुक्रवार बुलाया जाता है, फिर जांच होती है। मंगलवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को जांच नहीं हो पाती है। एसआईसी डॉ. एसपी सिंह का कहना है कि टेक्नीशियन के लिए शासन, स्थानीय अधिकारियों को पत्र लिखा जा चुका है। फिलहाल, जो व्यवस्था है, उसमें बेहतर व्यवस्था बनाई जा रही है।
जिला अस्पताल : ट्रॉमा सेंटर में नहीं होती खून जांच, एक्सरे के लिए इंतजार
शास्त्री अस्पताल रामनगर में वाराणसी, चंदौली, मिर्जापुर तक के मरीज आते हैं। यहां पैथालॉजी में थाॅयरायड जांच नही हो पाती है। इसके पीछे मुख्य वजह मशीन का न होना है। अल्ट्रासाउंड भी मंगलवार, बृहस्पतिवार, शनिवार ही होती है। शनिवार को जांच करवाने आए मरीजों को 12 दिसंबर तक की डेट दी गई। मरीजों ने दो-तीन दिन में जांच करवाने का अनुरोध किया, लेकिन बात नहीं बनी।
महिला अस्पताल : मंडलीय अस्पताल के भरोसे पैथालॉजी जांच
शास्त्री अस्पताल रामनगर में पेट दर्द की शिकायत लेकर आए विजय कुमार ने ओपीडी में डॉक्टर को दिखाया तो अल्ट्रासाउंड करवाने की सलाह दी गई। पर्चा लेकर जांच कक्ष में जाने पर विजय को 12 दिसंबर की डेट दी गई। पहले तो तुरंत जांच कराने का प्रयास किया, लेकिन बाद में घर चला गया।
केस-2