काशी तमिल संगमम के सांस्कृतिक कार्यक्रमों की शृंखला में तमिलनाडु की प्राचीन लोक परंपरा काई सिलंबट्टम की प्रभावशाली प्रस्तुति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। तमिलनाडु से आए तुलसीराम के समूह ने अपनी ऊर्जा, अनुशासन और कलात्मक कौशल से पूरे परिसर में उत्साह भर दिया। तुलसीराम के नेतृत्व में कलाकारों ने लय, गति और समन्वय के साथ इस कला का जीवंत प्रदर्शन किया। दर्शकों को तमिलनाडु की सांस्कृतिक गहराई और वीर परंपरा को समझने का अवसर मिला। प्रस्तुति के दौरान पारंपरिक वेशभूषा, ऊर्जावान संगीत और सटीक कदमों ने माहौल को जीवंत बना दिया। कई दर्शकों ने पहली बार काई सिलंबट्टम को नजदीक से देखा और तमिल संस्कृति के इस अनूठे रूप को समझा। काई सिलंबट्टम तमिल समाज की ऐतिहासिक युद्ध-कला सिलंबम से विकसित एक विशिष्ट लोक नृत्य है, जिसमें लकड़ी की छड़ी के साथ तालबद्ध और सशक्त गतियों का प्रदर्शन किया जाता है।