वाराणसी। ‘स्वच्छ भारत का इरादा कर लिया हमने/देश से अपने ये वादा कर लिया हमने/स्वच्छता की ज्योति लेकर हम घर-घर जाएंगे/स्वच्छ रोशनी में सभी अब तो नहाएंगे...।’ गंगा महल घाट पर सोमवार की शाम
प्रसून जोशी के गीत की इन पंक्तियों को सूफी गायक कैलाश खेर ने सुरों से सजाकर स्वच्छ भारत अभियान की कड़ी आगे बढ़ाई। रानी लक्ष्मीबाई की जन्मस्थली पर उन्होंने दीप जलाया। आने वाले दिनों
में वे काशी में घाटों पर गायकी से स्वच्छता अभियान के साथ गंगा निर्मलीकरण को गति देंगे। प्रधानमंत्री ने अस्सी घाट पर बीते आठ नवंबर को उन्हें अपने स्वच्छता के नवरत्न के रूप में चुना था।
कैलाश खेर शाम साढ़े पांच बजे गंगा महल घाट पहुंचे। वहां बीएचयू आईआईटी के छात्र-छात्राओं के अलावा नागरिकों की भीड़ के बीच उन्होंने स्वच्छता की ज्योति जलाने का आह्वान किया। स्वच्छ
भारत अभियान से जुड़े गीत को जब स्वर दिया तो युवा भी उनके साथ गुनगुना उठे। छात्र-छात्राओं के साथ उन्होंने भदैनी घाट पर सफाई की। इसके बाद कैलाश रानी लक्ष्मीबाई की जन्मस्थली पर पहुंचे, जहां दीप जलाया। यहां जागृति फाउंडेशन के आग्रह पर उन्होंने प्रसाधन बनवाने का भरोसा दिलाया।
इससे पहले छावनी क्षेत्र के एक होटल में पत्रकारों से बातचीत में कैलाश ने कहा कि अच्छे काम करने से लोग इस देश में डरने लगे थे लेकिन अब नई शुरुआत हो गई है। प्रधानमंत्री की इस पहल को उन्होंने ईश्वरीय संयोजन की संज्ञा दी। स्वच्छ काशी और निर्मल गंगा के लिए सुरों के जरिए घाट-घाट पर
अभियान चलाने की अपनी योजना की उन्होंने जानकारी दी। प्लास्टिक का इस्तेमाल बंद करने के लिए भी वो लोगों को जागरूक करेंगे। बताया कि स्वच्छता अभियान को कामयाब बनाने के लिए बीएचयू आईआईटी भी काम कर रहा है। देश भर में स्वच्छता का संदेश लेकर मैं जाऊंगा। छात्रों के अलावा प्रोफेसर, डॉक्टर, संगीतकार इस अभियान से जोड़े जाएंगे, ताकि स्वच्छता के सपने को साकार किया जा सके।
इनसेट
ये हैं कैलाश खेर के नवरत्न
वाराणसी। सूफी गायक कैलाश खेर ने सोमवार की शाम काशी में स्वच्छ भारत अभियान को गति देने के लिए अपने नवरत्नों के नामों की घोषणा की। इनमें महामना मदन मोहन मालवीय के प्रपौत्र इलाहाबाद हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति गिरधर मालवीय, हॉकी खिलाड़ी मेजर ध्यानचंद के प्रपौत्र अशोक ध्यानचंद, टीवी होस्ट और फिल्म निर्माता रोशन अब्बास, शास्त्रीय गायिका रेखा और उनके संगीतकार पति विशाल
भारद्वाज, ज्योतिषाचार्य प्रो. चंद्रमौलि उपाध्याय, पंतनगर कृषि विश्वविद्यालय के प्रो. शिवेंद्र कश्यप, वरिष्ठ पत्रकार संजय गुप्ता, अभिनेता नवाजुद्दीन सिद्दीकी, रेडियो उद्घोषक नीलेश मिश्र शामिल हैं। इनके अलावा रेड एफएम के डॉ. होजे को भी कैलाश ने अपनी टीम में शामिल किया है।
गायकी में भी दिखेगा काशी कनेक्शन
वाराणसी। कैलाश खेर की गायकी का भी कनेक्शन काशी से जुड़ रहा है। उनका एक एलबम जल्द ही आने वाला है, जिसके गीतों में इस शहर की खुशबू होगी। चूंकि संत कबीर काशी के ही थे, इसलिए उनके निर्गुण की झलक उनके गायन में मिलेगी। उन्होंने बताया कि यशराज की आने वाली फिल्में ‘बैंकचोर’ और ‘दम लगा के हाईसा’ के लिए वे संगीत तैयार कर रहे हैं।
संकट मोचन के महंत से मिले कैलाश
वाराणसी। सफाई अभियान के बाद कैलाश खेर ने शाम को तुलसी घाट पर संकट मोचन मंदिर के महंत प्रो. विश्वंभरनाथ मिश्र से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने गंगा निर्मलीकरण अभियान की रूपरेखा पर चर्चा की।