पांडेयपुर-आजमगढ़ मार्ग पर लमही से आगे सड़क निर्माण में ढेरों गड़बड़ियां सामने आई हैं। शुक्रवार को सीडीओ पुलकित खरे ने छह स्थानों पर सड़क खुदवाकर देखा तो इंजीनियरों की करतूत सामने आई। सीडीओ ने सड़क खुदवाकर सैंपल जांच के लिए भेजा। सड़क की मोटाई भी कम पाई गई। इस दौरान मानकों का हवाला देकर बरगलाने में लगे एनएच के इंजीनियरों को फटकार लगाई। सड़क निर्माण की समयसीमा 30 अक्तूबर, 2016 थी, बावजूद अब तक काम चल रहा है।
पांडेयपुर-आजमगढ़ मार्ग पर लमही से आगे 13.76 करोड़ की लागत से 3.8 किलोमीटर सड़क निर्माण कार्य चल रहा है। निरीक्षण के दौरान मुख्य विकास अधिकारी को ही गच्चा देने में विभागीय अभियंता लगे रहे। सड़क की गुणवत्ता एवं उस पर किए गए डब्लूबीएम तथा पेंटिंग कार्य के निरीक्षण के दौरान सीडीओ ने छह स्थानों पर सड़क खुदवाई ताकि गहराई का पता चल सके। साथ ही मैटेरियल का मानक पता किया जा सके। इस दौरान जेई सड़क के नीचे मिट्टी तक खुदाई कर गहराई बताने लगा। इस पर सीडीओ ने जमकर क्लास लगाई। जिलाधिकारी योगेश्वर राम मिश्र ने बताया कि इस सड़क का निर्माण कार्य 31 मई, 2016 को शुरू किया गया था, जिसे 30 अक्तूबर, 2016 को पूरा होना था। अब तक केवल 1600 मीटर ही कार्य किया गया है, उस पर भी एक लेयर पेंटिंग कार्य बाकी है। कार्य जल्द पूरा करने का निर्देश दिया गया है।