काशीवासियों के लिए सुबह चार से पांच स्पर्श दर्शन और शाम को चार से पांच बजे तक झांकी दर्शन का इंतजाम किया गया है। 12 अगस्त तक 41 लाख शिवभक्तों ने बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक किया था। 13 अगस्त को दो लाख से अधिक और 14 अगस्त को सवा दो लाख से अधिक शिवभक्तों ने बाबा विश्वनाथ का जलाभिषेक किया। सावन के चार सोमवार को मिलाकर भक्तों की संख्या 12 लाख 67 हजार 585 रही।
श्रद्धालुओं के लिए पीने के पानी, हवा और बैठने के बेहतर इंतजाम किए गए हैं। सावन के चार सोमवार को बाबा विश्वनाथ का अलग-अलग स्वरूप में शृंगार किया गया। पांचवें सोमवार को बाबा विश्वनाथ सपरिवार झूले पर विराजमान होकर दर्शन देंगे।
सावन के सोमवार पर आए भक्तों का आंकड़ा
- पहला सोमवार- 321884
- दूसरा सोमवार- 309716
- तीसरा सोमवार- 306878
- चौथा सोमवार- 329107