शिक्षा का अधिकार अधिनियम (आरटीई) के तहत जिले में प्रवेश प्रक्रिया का पहला चरण 16 फरवरी को समाप्त हो गया। बृहस्पतिवार को पहले चरण में लॉटरी के माध्यम से 7,410 छात्रों का चयन प्रवेश के लिए किया गया। इस बार पहले चरण में कुल 17,476 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें से 9,146 को अयोग्य घोषित किए गए। बेसिक शिक्षा अधिकारी अनुराग श्रीवास्तव ने गुरुवार को प्रेस विज्ञप्ति जारी कर यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आरटीई के तहत इस सत्र में तीन चरणों में प्रवेश प्रक्रिया पूरी की जाएगी। पहले चरण में 2 फरवरी से 16 फरवरी तक आवेदन लिए गए। कुल 17,476 आवेदन प्राप्त हुए। इनमें 16,556 आवेदनों का सत्यापन किया गया। प्रक्रिया के तहत 7,410 छात्र-छात्राओं का प्रवेश आरटीई के अंतर्गत वैध पाया गया जबकि 9,146 आवेदनों को निरस्त कर दिया गया। बीएसए ने बताया कि यह पूरी प्रक्रिया पारदर्शिता एवं शासनादेश के अनुरूप ऑनलाइन माध्यम से संपन्न कराई गई। अगले चरण के लिए 21 फरवरी से 7 मार्च तक ऑनलाइन आवेदन लिए जाएंगे।