विभिन्न मांगों के समर्थन में डिप्लोमा इंजीनियर्स ने पूरे प्रदेश में हड़ताल करने की योजना बनाई है। इसका असर आम जनता पर पड़ेगा। शहर में गंगा प्रदूषण नियंत्रण इकाई, जल निगम और जल संस्थान की ओर से कई इलाकों में खुदाई की जा रही है। जेई हड़ताल पर गए तो काम ठप होने का खतरा है। इससे जनता को परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
गोलघर कचहरी के पास सीवर पाइप लाइन डालने के चलते कई हफ्तों से खुदाई का काम चल रहा है। यहां आए दिन जाम लग रहा है। यही हाल महमूरगंज, अंधरापुल, कमच्छा, लहरतारा, चौकाघाट, अलईपुर, पांडेयपुर आदि जगहों का भी है। इन सभी जगहों पर जेई की निगरानी में काम हो रहा है। विभागों के जेई हड़ताल पर गए तो काम पर असर पड़ेगा और खुदाई के बाद तय समय तक सड़क बनाना मुश्किल होगा।
डिप्लोमा इंजीनियर्स महासंघ के जिलाध्यक्ष आनंद लाल ने बताया कि जेई के पद पर भर्ती होने के बाद जेई पद से ही रिटायर होते हैं। सरकार से मांग की गई है कि बाकी विभागों की तरह डिप्लोमा इंजीनियर्स की भी पदोन्नति की जाए। विभिन्न मांगों के लिए सभी डिप्लोमा इंजीनियर्स ने बीते 18 फरवरी से एक मार्च तक कार्य बहिष्कार किया। अब दो मार्च से अनिश्चित कालीन हड़ताल पर जा रहे हैं। इस दौरान विकास से जुड़ा कोई भी कार्य नहीं करेंगे।
गंगा प्रदूषण, जल निगम और जल संस्थान के अधिकारियों को निर्देश दिया गया है कि जल्द से जल्द खुदाई का काम पूरा करके शिवरात्रि से पहले सड़कों को चलने लायक बनाएं। गोलघर के पास सीवर लाइन के लिए खुदाई की गई है। यह शनिवार तक चलने लायक बन जाएगा। जेई की हड़ताल से काम पर थोड़ा असर पड़ेगा। इसके लिए जेई के संगठन से बातचीत की जा रही है। -विंध्यवासिनी राय, एडीएम सिटी