मूलभूत संसाधनों और कर्मचारियों की संख्या न बढ़ाए जाने से नाराज दंत चिकित्सा विज्ञान संकाय, बीएचयू के रेजीडेंट डॉक्टरों और छात्रों ने मंगलवार को काम ठप कर केंद्रीय कार्यालय पर धरना प्रदर्शन किया।
उनका कहना था कि कर्मचारियों और संसाधनों की कमी के चलते कई तरह की परेशानियां होने के साथ ही चिकित्सीय कार्य और पढ़ाई पर असर पड़ रहा है।
छात्रों का कहना था कि नान टीचिंग स्टाफ और जरूरी संसाधन मुहैया कराने के लिए संकायाध्यक्ष से लेकर शिक्षकों तक पिछले से छह महीने से लगातार मांगें रखी गईं लेकिन कोई ठोस पहल नहीं हुई।
पुराने ओपीडी में मरीजों को देखने के लिए जगह नहीं है, जिसके कारण दिक्कतें होती हैं। कहा कि संकाय मेें सीटें तो बढ़ा दी गईं लेकिन न संसाधन बढ़ाए गए और न ही कर्मचारियों की नियुक्ति हुई। इससे कार्य की गुणवत्ता और पढ़ाई प्रभावित होती है।
ट्रामा सेंटर में नया विभाग बनकर तैयार है लेकिन वहां भी शिफ्ट नहीं किया जा रहा है। धरने के दौरान रेजीडेंट डाक्टरों और छात्रों के प्रतिनिधिमंडल ने कुलपति प्रो. गिरीश चंद्र त्रिपाठी से उनके कार्यालय में मुलाकात की। कुलपति ने आश्वस्त किया कि उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा। इसके बाद धरना समाप्त हुआ।