टोल का विरोध कर रहे लोगों को समझाती पुलिस
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वाराणसी- आजमगढ़ नेशनल हाईवे पर ढेरही टोल प्लाजा का किसानों द्वारा बुधवार को विरोध किया गया। आंदोलन के लिए भारी संख्या में किसान व अन्य लोग पहुंचे। इस दौरान भारी पुलिस बल तैनात रहा। नारेबाजी कर रहे कई लोगों को पुलिस हिरासत में लिया गया है।
किसानों के आंदोलन के कारण वाराणसी-आजमगढ़ मार्ग पुलिस छावनी में बदल गया। पुलिस ने किसान नेता अजीत सिंह को ढेरही टोल प्लाजा से गिरफ्तार किया। यह गिरफ्तारी वाराणसी और जौनपुर पुलिस को चकमा देकर टोल प्लाजा पहुंचने के बाद हुई।
मार्ग पर हर दो सौ मीटर की दूरी पर दो जिलों की पुलिस तैनात थी। किसानों को आगे बढ़ने से रोकने के लिए यह व्यापक बंदोबस्त किया गया था। आंदोलन को नियंत्रित करने के लिए सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई थी। पुलिस ने कई स्थानों पर बैरिकेडिंग भी लगाई थी।
किसान नेता अजीत सिंह ने पुलिस की घेराबंदी को भेदने का प्रयास किया। वे पुलिस की कड़ी निगरानी से बचते हुए ढेरही टोल प्लाजा तक पहुंचने में सफल रहे। उनकी इस कार्रवाई से पुलिस प्रशासन में हड़कंप मच गया।
टोल प्लाजा पर पहुंचते ही पुलिस ने उन्हें तुरंत हिरासत में ले लिया। इस घटना के बाद क्षेत्र में तनाव का माहौल बन गया। किसानों के आंदोलन में अब राजनीतिक रंग भी चढ़ने लगा है।
आंदोलन में आए दो व्यक्ति हुए हादसे का शिकार
बताया जा रहा है कि आंदोलन में शामिल होने आए मुन्नालाल और अंकित बाइक से वापस लौट रहे थे। इसी दौरान किसी वाहन ने टक्कर मार दी। जिससे हादसे में दोनों गंभीर रूप से घायल हो गए। उन्हें ट्रॉमा सेंटर रेफर किया गया है। दोनों की हालत नाजुक बताई जा रही है।