अरणि मंथन से यज्ञ कुंड में प्रज्ज्वलित होगी अग्नि
प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के अवसर पर अतिरूद्र महायज्ञ सोमवार से प्रारंभ हो गया। इसके लिए 81 गुणे 81 वर्ग मीटर के आकार का विशाल एवं भव्य यज्ञ मंडप तैयार किया गया था। यज्ञ कुंड में कुल 33 कुंड बनाए गए हैं, जिसमें 200 वैदिक भूदेव 25 लाख वेदमंत्रों से संपूर्ण परिसर को अभिसिंचित करेंगे।
सुबह 8:30 बजे धर्मसंघ से जलयात्रा निकाली गई, जो अस्सी घाट पहुंची। वहां से कलश में जल भरकर यात्रा वापस धर्मसंघ आकर समाप्त हुई। इसके बाद 10:30 बजे श्रद्धालुओं का मंडप प्रवेश कराया गया। अपराह्न 2 बजे अरणि मंथन कर यज्ञ कुंड में आहुतियां प्रारंभ हो जाएंगी।