फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

मौसम के करवट बदलने से थोड़ी राहत, आंधी से कई जगह नुकसान, वज्रपात से एक की मौत

Tue, 09 May 2017 05:00 PM IST
टीम डिजिटल,वाराणसी
विज्ञापन
कार पर गिरा नीम का पेड़ - फोटो : amar ujala
विज्ञापन
पिछले कुछ दिनों से लगातार चली आ रही तपती गर्मी और तेज धूप से मंगलवार को थोड़ी राहत मिली है। वाराणसी सहित पास के कुछ जिलों में सोमवार आदी रात के बाद तेज आंधी के साथ कहीं कहीं बारिश के छींटे पड़े।  
विज्ञापन


तेज आंधी के कारण आम की फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है वहीं बिजली व्यवस्था भी चरमरा गई। कई क्षेत्रों से अचानक बिजली कटने की खबर आई। कहीं खभें उखड़ गए तो कहीं बिजली की तार ही गिर गई। वहीं आजमगढ जिले के कोहरौली गांव में वज्रपात के चपेट में आने के कारण एक व्यक्ति की मौत हो गई।

मृतक जगदीश  सुबह सात बजे शौच के लिए निकला था तभी हादसे का शिकार हो गया। वो तीन भाईयो मे सबसे बड़े थे।सोमवार रात 12 बजे अचानक मौसम ने करवट ली। गरज के साथ तेज हवाए चलना शुरू हो गई जो बाद में तेज आंधी में बदल गई।
विज्ञापन


शहर के कई इलाकों में बिजली गुल हो गई। मंगलवार सुबह कई क्षेत्रों से छोटे-मोटे नुकसान की खबर आई। कई जगहों पर पेड़ भी गिरने की खबर आई है। तेज आंधी के कारण आम की फसल को काफी नुकसान पहुंचा है।  

सोमवार को अधिकतम तापमान 39 डिग्री और न्यूनतम तापमान 27.4 डिग्री रहा।  बीएचयू के मौसम विज्ञानी प्रो. एसएन पांडेय का कहना है कि बंगाल की खाड़ी से पुरवा हवा चलने और पछुवा हवा के कमजोर पड़ने से मौसम में बदलाव आया है।

कम से कम दो दिन तक इसी तरह मौसम रहने का अनुमान है। पुरवा हवा और पछुवा हवा के टकराहट से हल्की बूंदाबांदी भी पड़ सकती है। पूर्वांचल में कहीं ओले भी गिर सकते हैं। फिलहाल मौसम नरम रहेगा और लोगों को धूप एवं लू से राहत मिलेगी।
Trending Videos
विज्ञापन

बढ़ने लगीं बीमारियां,ओपीडी में मरीजों की बढ़ी तादाद

ओपीडी में मरीजों की बढ़ी तादाद - फोटो : अमर उजाला
भीषण गर्मी के बीच तेज उमस से मौसमी बीमारियां बढ़ने लगी हैं। अस्पतालों की ओपीडी में सर्दी, खांसी, बुखार के साथ ही पेट संबंधी बीमारी के मरीजों की तादाद ज्यादा हो गई है। 

जिले के मंडलीय अस्पताल, दीनदयाल उपाध्याय राजकीय अस्पताल सहित अन्य सरकारी अस्पतालों में इन दिनों सबसे अधिक पेट संबंधी बीमारी के मरीज पहुंच रहे हैं। गले में खरास, सर्दी से पीड़ित मरीजों की संख्या भी बढ़ी है।

ओपीडी में 20 से 25 प्रतिशत तक मरीज बढ़े हैं। इमरजेंसी में डायरिया के अधिक मरीज भर्ती हो रहे हैं। मंडलीय अस्पताल के प्रमुख अधीक्षक डॉ. बीएन श्रीवास्तव ने बताया कि मरीजों को किसी तरह की असुविधा न हो इसके लिए इमरजेंसी में चिकित्सकों, कर्मचारियों को मॉनीटरिंग का निर्देश दिया गया है। 
 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें