विभागाध्यक्ष प्रो. अमित शुक्ला ने बताया कि ज्योतिष की ओपीडी में जरूरतमंदों को उचित दर पर परामर्श दिया जाएगा। कुंडली दिखाने के लिए फिलहाल 200 रुपये शुल्क निर्धारित है। कोई भी व्यक्ति 200 रुपये शुल्क जमा करके तीन फलादेश की जानकारी हासिल कर सकता है। शुल्क की 50 फीसदी राशि संबंधित ज्योतिषी को बतौर मानदेय देने का प्रस्ताव है। जबकि 50 फीसदी राशि में 25-25 फीसदी शुल्क विभाग और विश्वविद्यालय कोष में जमा होंगे।