परिवार के लोग उसे पीजीआई ले जा रहे थे। पूर्व प्रधान अपनी अल्टो कार से अपनी कार से पत्नी रेनू(32) बेटा अमन(12) और बेटी अंशिका(8) सास कलावती(60) और साले रामू को लेकर मुहम्मदाबाद के लिए चले। मुहम्मदाबाद से इन लोगों को स्कॉर्पियो कार से लखनऊ जाना था।
पूर्व प्रधान राजेश खुद कार चला रहे थे, अगली सीट पर उनके बाईं तरफ पत्नी रेनू बैठी थी। बाकी लोग पीछे की सीट पर बैठे थे। कार जब खुरहट बाजार के पूर्वी छोर पर पहुंची तो सड़क के किनारे खड़ी ट्रक में जा घुसी। टक्कर इतनी जोरदार थी कि कार का अगला बड़ा हिस्सा ट्रक के पिछले हिस्से में जा भिड़ा।
इस इस घटना में इस घटना में अगली सीट पर बैठी रेनू की मौके पर ही मौत हो गई । टक्कर की आवाज सुनकर पास में ही किराए के मकान में रहने वाले पूर्व पुलिस चौकी के सिपाही संतोष पटेल की नींद खुल गई। सिपाही ने आनन फानन शोर मचाकर आसपास के लोगों को तथा 108 नंबर एंबुलेंस को बुलाया। चौकी पुलिस और आस पास के लोगों की मदद से घायलों को जिला अस्पताल भिजवाया।
पुलिस ने मृतका का शव जिला अस्पताल भेज दिया। बाद में सभी घायलों को आजमगढ़ स्थित एक नर्सिंग होम में भर्ती कराया गया, जहां उनकी हालत खतरे से बाहर बताई जाती है।