कुछ लोगों से इसके एवज में हम सभी से दिसंबर से फरवरी तक पांच-पांच लाख रुपये कई बार अलग-अलग खातों में दिए। हम जब ज्वाइनिंग लेटर में लिखी तारीख 27 जनवरी को विश्वविद्यालय में ज्वाइन करने पहुंचे तो हमें भगा दिया गया। इसके बाद हम लोगों ने जब नियुक्ति कराने की बात उन लोगों से की तो वह मुकदमे में फंसाने की धमकी देने लगे।
हम लोग थाने पर भी गए लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। हम लोग आगरा आ गए और यहां भी ऑनलाइन तहरीर दी गई। हम लोगों ने विश्वविद्यालय प्रशासन से भी कई बार शिकायत की लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई
पुलिस को दी गई जानकारी
कुलसचिव राजबहादुर ने बताया कि मामले संज्ञान में आया है। इससे विश्वविद्यालय प्रशासन का कोई लेना-देना नहीं है। विश्वविद्यालय में नियुक्तियों की एक निर्धारित प्रक्रिया है। विज्ञापन देने के बाद ही नियुक्तियां आमंत्रित की जाती है। इस मामले में पुलिस को आज तहरीर दी गई है।
चीफ प्राक्टर प्रो. आशुतोष मिश्र ने बताया कि पुलिस को पूरे मामले की जानकारी दी गई है। जालसाजी करने वालों पर सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।
कई विभागों में नियुक्ति के लिए जारी हुआ था नियुक्ति पत्र
आगरा के रहने वाले लवकुश त्यागी ने बताया कि उन लोगों को व्याकरण विभाग में तृतीय श्रेणी लिपिक के पद पर नियुक्त करने के लिए नियुक्ति पत्र जारी हुआ था। आगरा के कृष्ण माधव त्यागी ने बताया कि उनको राज्य संपत्ति विभाग में लिपिक के पद पर नियुक्ति पत्र दिया गया। जगदीशकांत को संकुल विभाग में नियुक्ति पत्र के साथ ही परिचय पत्र भी जारी कर दिया गया।
व्याकरण विभाग में हुई थी पूरी डीलिंग
पीड़ित जगदीशकांत ने बताया कि उन पांचों अनिल मिश्रा, ओपी यादव, अजय पांडेय चंदन और नीलेश ने हम लोगों को व्याकरण विभाग में बुलाया। वहीं पर फार्म भरवाया और पूरी डीलिंग हुई थी। इसके बाद हम लोग वापस चले आए।
अब घर से दे रहे हैं पैसा
आगरा के जगदीशकांत और विष्णु ने बताया कि जिन रिश्तेदारों और परिचितों को लेकर वह आए थे, अब वही उनसे पैसे मांग रहे हैं। रोजाना हम लोगों के घर पहुंचकर धमकियां दी जा रही हैं। कुछ रिश्तेदार और परिचित तो जबरदस्ती हमसे पैसा ले गए और कुछ हमारी फसल भी उठा ले गए हैं। स्थानीय थाने में जब हम लोगों ने संपर्क किया तो हम लोगों से कहा गया कि मामला वाराणसी का है तो वहीं जाकर एफआईआर दर्ज कराओ।
ये हैं पीड़ित
सुनील तिवारी, संजय कुमार भारती, अवधेश कुमार, अरुण कुमार, सुनील कुमार, श्रीनाथ, जगदीशकांत, श्रीधर दुबे, अनुज भारती, मदन लाल मिश्र, देवेंद्र कुमार, धीरज कुमार, योगेंद्र त्यागी, संजय कुमार, कृष्ण कुमार त्यागी, लवकुश त्यागी, ओमपाल सिंह, अविनाश कुमार, जयप्रकाश यादव, अश्वनी राठौर।