युवक प्रेमिका को बुलाने की जिद पर अड़ा रहा। इसके बाद युवक की मां को मौके पर बुलाया गया और उसने भी बेटे से नीचे उतरने की गुजारिश किया और गिड़गिड़ाया लेकिन संजय का दिल नहीं पसीजा और वह सीएचपी लिफ्टर पर चहलकदमी करने लगा। यह देख एहतियातन नीचे जाल का घेरा बनाया गया।
करीब दस घंटे तक चले ड्रामा के बाद दोपहर में युवक नीचे उतरने को राजी हुआ और धीरे धीरे नीचे आया तब सभी ने राहत की सांस ली। शक्तिनगर के प्रभारी निरीक्षक मिथिलेश मिश्रा ने बताया कि लंबी मशक्कत के बाद युवक को सुरक्षित उतार लिया गया है उससे पूछताछ की जा रही है।