कैंसर और हृदय रोगियों के लिए राहत की खबर है। बीएचयू के सर सुंदरलाल अस्पताल में उनके इलाज का खर्च 50 से 90 फीसदी तक कम हो जाएगा। केंद्र सरकार की योजना ‘अमृत’ के जरिए ऐसा होने जा रहा है। बीएचयू आईएमएस के कार्यकारी निदेशक और संकाय प्रमुख प्रो. जेपी ओझा ने पत्रकारों को बताया कि योजना के तहत अस्पताल में जल्द ही ‘अमृत आउटलेट’ शुरू किया जाएगा, जहां कैंसर और हृदय रोग की दवाएं सस्ती मिलेंगी। सर्जिकल उपकरण और डायग्नोस्टिक सुविधाओं में भी मरीजों को रियायत दी जाएगी। आउटलेट खोलने के लिए भारत सरकार ने एचएलएल लाइफकेयर लिमिटेड के साथ समझौता किया है।
चिकित्सा अधीक्षक डॉ. ओपी उपाध्याय ने बताया कि सर सुंदरलाल अस्पताल में संसाधन और सुविधाएं बढ़ाने के लिए विश्वविद्यालय प्रशासन प्रयासरत है। अस्पताल को एम्स के बराबर फंड देने के लिए स्वास्थ्य मंत्रालय को पत्र लिखा गया है, क्योंकि अस्पताल में पूर्वांचल समेत सात राज्यों और पड़ोसी देश नेपाल के मरीज यहां आते हैं। संसाधनों की कमी के चलते हम उस लिहाज से उन्हें चिकित्सकीय सुविधा उपलब्ध नहीं करा पाते। बताया कि जल्द ही 24 घंटे एमआरआई की सुविधा भी शुरू करने की तैयारी है। बताया कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय के साथ संस्थान ने राष्ट्रीय कौशल केंद्र की स्थापना के तहत समझौता किया है। भारत सरकार के सहयोग से वायरल रिसर्च एंड डायग्नोस्टिक लैबोरेटरी की स्थापना के लिए एमओयू हुआ है। वहीं यूनिवर्सिटी ऑफ टेक्नोलॉजी मारीशस के स्कूल ऑफ हेल्थ साइंसेज, सेंट जॉर्ज यूनिवर्सिटी लंदन और डबलिन सिटी यूनिवर्सिटी के साथ शैक्षणिक और शोध क्षेत्र में समझौते हुए हैं। इनके अलावा रिजनल कैंसर सेंटर, सेंटर फॉर आरगन ट्रांसप्लांट और सेंटर फॉर कार्डियक साइंसेज की स्थापना के लिए प्रक्रिया जारी है।