हरिश्चंद्र इंटरमीडिएट कालेज के बाहर भाजपा प्रत्याशी की पुलिस से नोकझोंक
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निगर निकाय चुनाव की रफ्तार बनारस में सुबह से ही धीमी गति से चल रही है। दोपहर 12:00 बजे तक चुनाव आयोग के अनुसार बनारस में 25 प्रतिशद वोटिंग रिकार्ड की गई। वहीं दोपहर बाद वोटिंग कि रफ्तार और धीमी हो गई। निकाय चुनाव में इस बार सबसे अधिक वोटरों का वोटिंग लिस्ट से नाम गायब होने का मामला सामने आया है। जिले के करीब हर वार्ड में मतदाता सूची से लोगों का नाम गायब था। इससे लोग नाराज थें। कई मतदान केंद्रों पर लोगों ने पीठासीन अधिकारी और चुनाव में लगे कर्मचारियों से बहस भी किया।
हालांकि बाद में उन्हें पुलिस और पीएसी के जवानों ने मतदान केंद्र से बाहर कर दिया। आदमपुर और कोतवाली जोन में सबसे अधिक लोगों का नाम मतदान सूची से गायब होने की शिकायत आई। कई परिवार ऐसे भी निकले जिनके पूरे सदस्यों का नाम ही मतदान सूची से गायब था। आदमपुर जोन के अन्तर्गत पड़ने वाले वार्ड नंबर 68 के मततादाता व फल विक्रेता ओंकार मौर्या ने बताया कि उनके घर के बच्चे, पत्नी और भाई (कुल आठ) सदस्यों का नाम गायब था। परिवार के लोग कज्जाकपुरा स्थित जोनल कार्यालय पर जब वोट देने गए तो उन्हें मतदान सूची सुन के नाम गायब होने की जानकारी हुई। इसी प्रकार कोनिया की रानी देवी, उनकी पुत्र सीता, बेटा राहुल का नाम भी गायब था। आदमपुर जेनल पर वोट देने आए सौकड़ों लोगों का नाम वोटिंग लिस्ट से गायब था। कई लोगों ने मतदान सूची से अपना नाम गायब होने पर विरोध भी किया लेकिन प्रशासन ने उन्हें मतदान केंद्र से बाहर कर दिया।