बाढ़ राहत में जुटे एनडीआरएफ जवानों पर हमला
बाढ़ पीड़ितों की मदद में जुटे एनडीआरएफ के जवानों का गुरुवार की दोपहर रेस्क्यू ऑपरेशन के दौरान छित्तूपुर में लोगों से विवाद हो गया। लोगों का कहना था कि उन्हें राहत सामग्री नहीं बांटी जा रही है। इसी दौरान शराब के नशे में धुत एक व्यक्ति ने एक जवान को डंडे से मार दिया। जवानों ने उसे अपनी बोट में बैठा लिया। इससे नाराज लोग एनडीआरएफ के जवानों को पीटने लगे। उन पर पथराव कर दिया गया। मोटर बोट पंचर कर राहत सामग्री लूट ली गई। घायल तीन जवानों का बीएचयू ट्रामा सेंटर में इलाज कराया गया। पुलिस मामले की जांच कर रही है।
दोपहर करीब एक बजे पीएसी के जवानों का राहत सामग्री बांटने के दौरान ही छित्तूपुर के लोगों से विवाद हुआ था। पर्याप्त राहत सामग्री न बांटने को लेकर ही विवाद था। पीएसी वाले डांटते-फटकारते वहां से चले गए। इसके कुछ देर बाद ही एनडीआरएफ की टीम वहां पहुंची। बोट पर एनडीआरएफ के तीन जवान और लंका थाने का सिपाही राहुल था। बातचीत के दौरान ही शराब के नशे में धुत एक व्यक्ति ने राहुल और एक जवान पर डंडा चला दिया।
बात बिगड़ गई ओर गांव वालों ने जवानों पर हमला बोल दिया। जवानों को पीटने के साथ ही उनकी नाव से राहत सामग्री लूट ली गई। सूचना के बाद पुलिस पहुंची तो गांव वाले भाग गए। बाद में तीनों जवानों का ट्रामा सेंटर में इलाज कराया गया। जांच के लिए मौके पर सीओ भेलूपुर राजेश श्रीवास्तव पहुंचे थे। उनका कहना है कि आरोपियों को चिह्नित कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।