स्कूली शिक्षा की गुणवत्ता जांचने और विद्यार्थियों के सीखने के स्तर का मूल्यांकन करने के लिए शुक्रवार को जिले के 254 विद्यालयों में नेशनल अचीवमेंट सर्वे परीक्षा हुई। जिसमें जिले के 7600 बच्चे शामिल हुए। सरकारी व कॉन्वेंट स्कूलों में कक्षा तीन, पांच, आठ व दस के छात्र-छात्राओं के लर्निंग आउटकम को आंकने के लिए यह परीक्षा कराई गई थी। मानव एवं विकास मंत्रालय, एनसीईआरटी व राष्ट्रीय माध्यमिक शिक्षा अभियान के संयुक्त तत्वावधान में यह सर्वे तीन साल में एक बार होती है। कोरोना के कारण यह परीक्षा पिछले साल नहीं हो सकी थी। शुक्रवार को परिषदीय विद्यालय माधोपुर कोट, कंपोजिट विद्यालय अलाउद्दीनपुर सहित 50 विद्यालयाें में परीक्षा हुई। वहीं केंद्रीय विद्यालय बीएचयू सहित यूपी बोर्ड, राजकीय अशासकीय व वित्तविहीन के अलावा सीबीएसई, सीआइएससीई के विद्यालयों में परीक्षा कराई गई। इस दौरान कक्षा तीन में गणित, हिंदी व पर्यावरण विज्ञान के प्रश्न पूछे गए। वहीं कक्षा पांच व आठ में गणित, हिंदी, पर्यावरण विज्ञान व सामाजिक विज्ञान के सवाल पूछे गए। कक्षा दस में पढ़ने वाले छात्रों को गणित, हिंदी, अंग्रेजी, पर्यावरण सहित सामाजिक विज्ञान पर आधारित सवाल पूछे गए।