फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खुलासाः पूरी संपत्ति अपने भाई और उसकी बेटी के नाम करना चाहती थी मां...इसलिए मार डाला

Fri, 16 Apr 2021 09:15 PM IST
गीतार्जुन गौतम न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
विज्ञापन
शिवदासपुर की महिला की हत्या में गिरफ्तार उसकी दतक पुत्री और दामाद। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन
50 लाख की संपत्ति मां अपने भाई और उसकी बेटी के नाम करना चाहती थी। बचपन से ही मां के साथ मैं रही, भला यह सब कैसे बर्दाश्त कर पाती। यह बातें वाराणसी के मंडुवाडीह थाने की पुलिस से शुक्रवार को शिवदासपुर रेड लाइट एरिया की लालता देवी की हत्या में गिरफ्तार उसकी दत्तक पुत्री हिना उर्फ प्रिया त्रिपाठी ने कही।
विज्ञापन


पुलिस ने हिना और उसके पति सोयेपुर निवासी राहुल त्रिपाठी उर्फ रंजन को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया। इससे पहले इस प्रकरण में बीती 13 अप्रैल को हिना और राहुल के दोस्त विक्की जायसवाल व अंकित सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल में दाखिल किया था।

बीती 23 मार्च की रात शिवदासपुर रेड लाइट एरिया में रहने वाली लालता देवी की हत्या कर दी गई थी। भाई विजय अपनी बहन के घर पहुंचा तो उसे ना देख कर उसकी खोजबीन शुरू किया। विजय के अनुसार उसकी बहन का शव उसके घर के पीछे दरी में लपेट कर रस्सी के सहारे बांध कर फेंका हुआ था।
विज्ञापन


विजय ने पुलिस को बताया कि उसकी बहन की हत्या के साथ ही उसकी दत्तक पुत्री और उसका पति गायब है। पुलिस ने तलाश शुरू की तो पता लगा कि दोनों अपना मोबाइल छोड़ कर घर से भागे हैं। इस वजह से दोनों के बारे में कोई जानकारी नहीं मिल पा रही थी।
 
Trending Videos
विज्ञापन

प्रभारी निरीक्षक मंडुवाडीह परशुराम त्रिपाठी ने बताया कि हिना और राहुल वारदात के बाद नेपाल भाग गए थे। वहां से दोनों बलिया आए। दोनों के पास पैसे खत्म हो गए तो राहुल सोयेपुर स्थित अपने घर आया था। इसी बीच मुखबिर से दोनों के बारे में सूचना मिली तो पुलिस ने घेराबंदी कर उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।

हिना ने बताया कि उसकी मां ने अपने भाई को हाल ही में एक लाख रुपये दिए थे। इसके अलावा वह अपने भाई की बेटी को भी इधर साथ ही रख रही थी। मां यह भी कहती थी कि वह अपनी संपत्ति अपने भाई और उसकी बेटी के नाम कर देगी। यह सब बातें वह बर्दाश्त नहीं कर पा रही थी।

वारदात की रात वह, राहुल, विक्की और अंकित घर में ही मौजूद थे। पहले लालता देवी के सिर पर एक वजनी वस्तु से वार किया गया और जब वह जमीन पर गिर पड़ी तो उसका हाथ और पैर पकड़ कर गला दबा कर हत्या कर दी गई।

लालता देवी के शव को कार से मिर्जापुर के जंगल में फेंकने की तैयारी थी लेकिन तब तक ना जाने कैसे पुलिस को भनक लग गई तो सबको मौके से भागना पड़ा। हिना ने पुलिस से कहा कि उसे अपने किए हुए का कोई अफसोस नहीं है।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें