दिन के समय भवनों और सड़कों से निकलती गर्मी ने हालात और मुश्किल बना दिए। लोगों को ऐसा महसूस हुआ मानो चारों ओर से गर्म हवा का थपेड़ा मिल रहा हो। हालांकि हवा की गति 6 से 8 किलोमीटर प्रति घंटे रही, लेकिन पछुआ हवा के बंद रहने से राहत नहीं मिल सकी। हवा में नमी का स्तर भी करीब 25 प्रतिशत तक सीमित रहा, जिससे गर्मी और अधिक तीखी महसूस हुई।
यूपी आंचलिक मौसम विज्ञान केंद्र के आंकड़ों के अनुसार, बुधवार को वाराणसी प्रदेश का तीसरा सबसे गर्म शहर रहा। बांदा में 44.8 डिग्री सेल्सियस तापमान के साथ पहला स्थान रहा, जबकि प्रयागराज में 43 डिग्री सेल्सियस तापमान दर्ज किया गया।
रात के समय भी राहत नहीं मिल रही है। शहर का न्यूनतम तापमान 21 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि देर रात तक गर्म हवा चलती रही, जो आमतौर पर तेज गर्मी के मौसम में देखने को मिलती है।
मौसम विभाग के अनुसार, अगले चार से पांच दिनों में तापमान में 3 से 4 डिग्री सेल्सियस तक और वृद्धि हो सकती है। साथ ही अगले एक सप्ताह तक बारिश या बादल की कोई संभावना नहीं है, जिससे गर्मी का असर और बढ़ने की आशंका है।