केंद्रीय मंत्री मेनका गांधी ने शुक्रवार को कहा कि बच्चियों के साथ दुराचार की बढ़ती घटनाएं दुखद है। 12 वर्ष से कम की बच्चियों से दुष्कर्म के दोषियों को मौत की सजा होनी चाहिए। इसके लिए पाक्सो एक्ट को और प्रभावी बनाया जाएगा।
केंद्रीय मंत्री, नीति आयोग की सदस्य और चंदौली जिले की नोडल मंत्री मेनका गांधी कलेक्ट्रेट सभागार में समीक्षा बैठक के बाद पत्रकारों से बात कर रही थीं। उन्होंने कहा कि उन्नाव और कठुआ की घटना ने झकझोर दिया है। इसके दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा।
केंद्र और प्रदेश सरकार ने तेजी दिखाते हुए कार्रवाई की है। बच्चों के साथ इस तरह की घटना होने पर दोषियों को मौत की सजा मिलनी चाहिए। कहा, चार राज्यों ने पाक्सो कानून में बदलाव की मांग की है। हम सभी इसके पक्ष में हैं, ताकि इस तरह की घटनाएं रुकें।
इस पर जल्द ही विचार कर ठोस निर्णय लिया जाएगा। उन्होंने डीएम और पुलिस अधिकारियों को ऐसे मामलों मेें कड़े कदम उठाने का निर्देश दिया। कहा कि ऐसी घटनाओं में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
महिलाओं और बच्चियों की सुरक्षा हर हाल में सुनिश्चित कराई जाए। कहा कि पार्टी में 11 करोड़ कार्यकर्ता हैं। कोई एक अपवाद निकल जाए तो पूरी पार्टी को दोषी नहीं ठहराया जा सकता। कांग्रेस ने सदन नहीं चलने दिया। इसके चलते कई योजनाओं पर चर्चा नहीं हो सकी। इसके विरोध में पार्टी ने उपवास किया।