मार्जिन मनी गबन के मामले में ईओडब्ल्यू को बड़ी सफलता हाथ लगी है। टीम ने आरोपी तत्कालीन पटल सहायक गोंडा से गिरफ्तार किया है। फर्जी औपचारिकताएं पूरी कर 11 लाख का गबन किया गया था।
Varanasi News: 25 साल पुराने मार्जिन मनी ऋण घोटाले में गबन के आरोपी तत्कालीन पटल सहायक मोहम्मद इमरान को ईओडब्ल्यू सेक्टर वाराणसी टीम ने गोंडा के अल्पसंख्यक कल्याण विकास भवन से बुधवार को गिरफ्तार किया। लखनऊ के हुसैनबाग, ऐना बीबी बाग निवासी मोहम्मद इमरान वर्तमान में वरिष्ठ सहायक अल्पसंख्यक कल्याण विभाग गोंडा में नियुक्त है।
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आरोपी को ईओडब्ल्यू गुरुवार को भ्रष्टाचार निवारण कोर्ट वाराणसी में पेश करेगी। उत्तर प्रदेश अल्पसंख्यक वित्तीय एवं विकास निगम लिमिटेड जवाहर भवन लखनऊ की ओर से गाजीपुर में 1996 से अप्रैल 2000 के बीच मार्जिन मनी ऋण का वितरण किया गया था।
ईओडब्ल्यू वाराणसी सेक्टर के निरीक्षक सुनील कुमार वर्मा ने बताया कि आर्थिक अपराध अनुसंधान संगठन वाराणसी ने विवेचना में पाया कि आरोपियों ने फर्जी अभिलेख तैयार कर निगम मुख्यालय के अधिकारियों, कर्मचारियों की मिली भगत कर फर्जी नाम पते से जिला प्रबंधक उत्तर प्रदेश वित्तीय और विकास निगम गाजीपुर, अपर जिला विकास अधिकारी (समाज कल्याण) गाजीपुर और संबंधित बैंक की फर्जी तौर पर औपचारिकताएं पूरी कीं।
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साथ ही मार्जिन मनी प्राप्त कर 11 लाख का गबन किया। इस मुकदमे में साक्ष्य संकलन बाद कुल 13 आरोपियों की संलिप्तता पाई गई थी। गिरफ्तारी टीम में निरीक्षक सहजानंद श्रीवास्तव, बृजेश, छेदी सिंह, सरफराज अंसारी शामिल रहे।