धरना-प्रदर्शन की सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन अलर्ट मोड में आ गया। बृहस्पतिवार देर रात से ही कई लोगों को उनके घरों में नजरबंद किया गया। यूपी कॉलेज के छात्र नेता समीर सिंह विशाल को राजातालाब क्षेत्र स्थित उनके बभनियाव आवास पर हाउस अरेस्ट किया गया। वहीं करणी सेना के प्रदेश अध्यक्ष समेत अन्य सक्रिय लोगों की गतिविधियों पर भी पुलिस नजर बनाए रही।
शुक्रवार सुबह अंकिता सिंह और परिजनों ने पुलिस आयुक्त मोहित अग्रवाल तथा जिलाधिकारी सत्येंद्र कुमार से मुलाकात कर जल्द गिरफ्तारी की मांग की। इस दौरान पुलिस आयुक्त ने पीड़ित परिवार को आश्वस्त किया कि मामले में अधिकतर आरोपी जेल भेजे जा चुके हैं और बाकी आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए लगातार दबिश दी जा रही है। उन्होंने कहा कि दोषियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा तथा आवश्यकता पड़ने पर रासुका के तहत भी कार्रवाई की जाएगी।
उधर कैंट थाना क्षेत्र में सर्किट हाउस के आसपास पुलिस ने कड़ा सुरक्षा घेरा बना दिया था। कहीं भी लोगों को एकत्र नहीं होने दिया गया। जो लोग प्रदर्शन के लिए पहुंचे, उन्हें तत्काल वहां से हटा दिया गया। पूरे दिन जिला मुख्यालय और आसपास के क्षेत्रों में पुलिस की सख्ती देखने को मिली।