हिंसा के बाद से एनआईटी इंफाल में बीटेक करने वाले छात्रों को एहतियातन वहां हॉस्टल में रखा गया था। इसमें अहरौरा निवासी शाहिद अंसारी, जौनपुर निवासी रणविजय सिंह सहित कई छात्र हॉस्टल में रुके थे। अमर उजाला से बातचीत में शाहिद ने बताया कि मणिपुर से पहले हम फ्लाइट से कोलकाता और फिर कोलकाता से लखनऊ एयरपोर्ट पहुंचे।
इसके बाद हम सभी को बस से हमारे घर के लिए रवाना किया गया। शाहिद ने बताया कि जब भी इस घटना के बारे में सोचते हैं तो दिल सहम जाता है। उसने सुरक्षित घर वापसी के लिए सरकार के प्रति आभार जताया। इधर परिवार को भी जैसे ही छात्रों के घर आने की सूचना मिली, वे खुशी से झूम उठे।