पीएम के संसदीय क्षेत्र में कैंट के साथ ही वाराणसी सिटी और मंडुवाडीह रेलवे स्टेशन को भी संवारा जाएगा। इसके लिए रेलवे प्रशासन विस्तृत मास्टर प्लान तैयार कराएगा। पचास साल आगे की सोचकर इस पूरे प्लान को अंतिम रूप देने की तैयारी है।
रेलवे बोर्ड से मंजूरी प्राप्त होने के बाद इसे कार्यरूप में परिवर्तित कर दिया जाएगा। मंगलवार को यहां निरीक्षण पर आए पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक राजीव मिश्र ने यह जानकारी दी।
बताया कि मंडुवाडीह में पांच और वाराणसी सिटी में चार अतिरिक्त प्लेटफार्म व फुट ओवरब्रिज बनाएं जाएंगे। मंडुवाडीह और सिटी स्टेशन को इस तरह विकसित किया जाएगा कि कैंट पर ट्रेनों के दबाव को कम किया जा सके।
मंडुवाडीह स्टेशन पर ककरमत्ता की तरफ भी प्रवेश द्वार बनाया जाएगा। जीएम ने बताया कि मंडुवाडीह स्टेशन के लिए जो पहले प्लान तैयार कराया गया है, अब फेरबदल कर उसे नए सिरे से अंतिम रूप दिया जाएगा।
पचास साल आगे की सोचकर यह मास्टर प्लान बनेगा ताकि यात्रियों को भविष्य में परेशानियों से जूझना न पड़े। बताया कि वाराणसी मंडल में यात्री सुविधाओं के विकास के लिए दस करोड़ रुपये प्राप्त हुए हैं। डेढ़ साल के अंदर छपरा से वाराणसी तक दोहरीकरण का कार्य पूरा करा लिया जाएगा। इलाहाबाद से मंडुवाडीह तक विद्युतीकरण के लिए धन प्राप्त हो चुका है।