सुनीता के घर पहुंचने पर अखिलेश छत पर चला गया। सुनीता ने बेटी को फंदे से नीचे उतारा और आसपास के लोगों की मदद से उसे गंभीर हालत में जिला अस्पताल पहुंचाया। बाद में ननिहाल के लोग चंदा को लाइन बाजार क्षेत्र स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। वहां उपचार के बावजूद उसकी हालत लगातार बिगड़ती गई।
सोमवार को चिकित्सकों ने चंदा की गंभीर हालत को देखते हुए उसे वाराणसी रेफर कर दिया। परिजन उसे वाराणसी लेकर जा रहे थे, तभी दोपहर करीब 12 बजे रास्ते में उसकी मौत हो गई। परिजन शव लेकर वापस कालीकुत्ती पहुंचे।
पुलिस को घटना की जानकारी सोमवार दोपहर करीब 1:30 बजे हुई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। पुलिस आरोपी पिता की तलाश में जुटी है। परिजनों के आरोपों और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।