काशी विद्यापीठ के अंग्रेजी और अन्य विदेशी भाषा विभाग में मंगलवार को हुए कार्यक्रम में विद्यार्थियों को रचनात्मक लेखन और भाषाओं से जुड़ी जानकारी दी गई। मुख्य वक्ता पंजाब यूनिवर्सिटी, चंडीगढ़ के रूसी विभाग के पूर्व अध्यक्ष प्रो. पंकज मालवीय ने कहा कि किसी भी विदेशी भाषा को सीखने में हिंदी और संस्कृत का ज्ञान संजीवनी का काम करता है।
बियोंड लैंग्वेज : कॅरिअर इनसाइट्स एंड द आर्ट ऑफ़ क्रिएटिव राइटिंग विषय पर प्रो. पंकज ने कहा कि वर्तमान समय में वैश्विक दौर में हर छात्र को कम से कम एक विदेशी भाषा अवश्य सीखनी चाहिए। भाषा न केवल हमारी मानसिक और बौद्धिक क्षमता का विकास करती है, बल्कि कॅरिअर के नए और असीमित द्वार भी खोलती है। अध्यक्षता डॉ. नीरज धनकड़ ने की। इस दौरान डॉ. आरती विश्वकर्मा, डॉ. किरण सिंह, शुभम सिंह रहे।