वाराणसी के जाने-माने रंग समूह रूपवाणी को विश्व प्रसिद्ध खजुराहो इंटरनेशनल फिल्म फेस्टिवल में आमंत्रित किया गया है। उद्घाटन सत्र में 17 दिसंबर को रूपवाणी के कलाकार नाट्य ‘चित्रकूट’ का मंचन करेंगे। रामचरित मानस के प्रसंगों पर आधारित नाट्य का काशी की रामलीलाओं में 500 वर्षों से मंचन होता आया है।
बनारस घराने के शास्त्रीय संगीत में निबद्ध इस प्रस्तुति की वेशभूषा और चरित्रों का मेकअप भी बनारस की रामलीला से लिया गया है। नाट्य निर्देशक व्योमेश शुक्ल के अनुसार, इस नाट्य के जरिए बनारस की रामलीला को अखिल भारतीय स्तर पर ले जाने का प्रयास है।
पीएम मोदी और फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रां की बनारस यात्रा के दौरान बड़ालालपुर स्थित टीएफसी में भी इसका विशेष रूप से प्रदर्शन किया गया था। इस प्रदर्शन के बाद व्योमेश को श्रेष्ठ निर्देशन के लिए केंद्रीय संगीत नाटक अकादमी का युवा पुरस्कार मिला था।
इससे पहले चित्रकूट का मंचन इंटरनेशनल रामायण कांक्लेव जबलपुर, लोकगाथा उत्सव नई दिल्ली, रामायण महोत्सव चित्रकूट, आदिवासी संग्रहालय भोपाल, उस्ताद बिस्मिलाह खां युवा पुरस्कार समारोह शिलांग में भी किया जा चुका है।