दीनदयाल उपाध्याय जिला अस्पताल सहित प्रदेश के 23 जिलों में इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब (आईपीएचएल) का शनिवार को केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया ने वर्चुअल शुभारंभ किया। साथ ही 50 लाख रुपये की लागत से सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र (सीएचसी) मिसिरपुर सहित 87 ब्लॉक में बनने वाले ब्लॉक पब्लिक हेल्थ यूनिट (बीपीएचयू) का भी शिलान्यास किया। इस दौरान राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल ने जांच कराई, इसकी रिपोर्ट उन्हें मोबाइल पर मिली।
जिला अस्पताल में करीब एक करोड़ रुपये से बनने वाली लैब में 90 तरह की जांचें होंगी। इसमें कोरोना, डेंगू, चिकनगुनिया, स्क्रब टाइफस, एक्यूट इंसेफेलाइटिस सिंड्रोम, कालाजार, डायरिया, टायफायड, हेपेटाइटिस आदि रोगों की जांच की सुविधा एक ही छत के नीचे मिलेगी। यूनिट के माध्यम से जांच करने के साथ ही लोगों को विभिन्न बीमारियों में जांच के साथ ही उसकी रोकथाम के उपाय भी बताए जाएंगे। मुख्य अतिथि राज्यमंत्री रविंद्र जायसवाल ने कहा कि ‘कर लो स्वास्थ्य अपनी मुट्ठी में’ की तर्ज पर चिकित्सा क्षेत्र में विकास हो रहा है। साथ ही डिजिटलीकरण को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। बहुत जल्द ही जिले की दोनों लैब बनकर तैयार हो जाएगी।
सीएमओ डॉ. संदीप चौधरी ने बताया कि दोनों यूनिट स्थापित होने के बाद जांच शुरू हो जाएगी और इसे अन्य सरकारी लैब के साथ जोड़ा जाएगा। इसके लिए मरीजों को निजी पैथालॉजी के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इस दौरान एसीएमओ डॉ. एके मौर्या, अधीक्षक प्रेम प्रकाश, डीपीएम संतोष कुमार सिंह, हरिवंश यादव, सहायक मलेरिया अधिकारी केके राय आदि लोग मौजूद रहे।