तीन साल पहले मरीज के दोनो वाल्व बदलने के मामले में आईएमएस बीएचयू निदेशक ने जांच कर रिपोर्ट मांगी है। उनका कहना है कि मामला तीन साल पुराना है। इसमें कार्रवाई की रिपोर्ट मांगी गई है।
बीएचयू के कार्डियोथोरेसिक विभाग में तीन साल पहले एक मरीज का गलत इलाज करने के मामले से जुड़ी फाइल एक बार फिर से खुलेगी। आईएमएस बीएचयू के निदेशक ने विभागाध्यक्ष प्रो. एसके सिंह को जांच की जिम्मेदारी सौंपी है।
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आईएमएस के कार्डियोथोरेसिक विभाग में 14 अगस्त 2021 को मिर्जापुर के कछवा बाजार निवासी श्यामधर के हृदय का वाल्व बदला गया था। मरीज के पुत्र सुजीत कुमार मौर्य ने आरोप लगाया कि उसके पिता के दोनों वाल्व बदल दिए गए। दोनों वाल्व एक समान नहीं थे, जिससे उनेके पिता की मौत हो गई।