एमओयू के बाद हाथ मिलाते आईआईटी-बीएचयू और यूपीसीडा के अधिकारी।
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पिछले साल सीएम योगी ने की थी घोषणा
आईआईटी-बीएचयू के फार्मास्यूटिकल इंजीनियरिंग विभाग की ओर से फार्मा तकनीक पर रिसर्च शुरू किए जाएंगे। यहां पर पेटेंट की संख्या में बढ़ोतरी के साथ ही दवाओं के खोज को ग्राउंड पर उतारकर तकनीकी हस्तांतरित कर दी जाएगी।
प्रदेश सरकार ने पिछले साल ही इस पार्क को विकसित करने की घोषणा की थी। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विधान सभा में 10 अगस्त को इसकी जानकारी दी थी। इस फार्मा पार्क को तैयार करने के काम में तेजी लाते हुए अब आईआईटी-बीएचयू के साथ समझौता किया गया है। पार्क के लिए पांच गावों को भी चिह्नित कर लिया गया है।