डीन (अनुसंधान एवं विकास) प्रो. राजेश कुमार, डीन (संकाय कार्य) प्रो. एनके मुखोपाध्याय और डीन (शैक्षणिक कार्य) प्रो. देवेंद्र सिंह ने कहा कि अनिवार्य एनडीए सिस्टम से रिसर्च की प्रशासनिक क्षमता बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि आईआईटी बीएचयू वैश्विक सहयोग, अंतरविषयक अनुसंधान और उद्योग भागीदारी को बढ़ावा दे रहा है, लेकिन साथ ही इसे सुरक्षा कवच देने के लिए बौद्धिक संपदा की सुरक्षा भी उसका दायित्व है। यह स्पष्ट गोपनीयता ढांचा संकाय सदस्यों, शोधकर्ताओं और सहयोगी संस्थानों को पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ सुरक्षित रिसर्च इकोसिस्टम प्रदान करेगा।
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क्या बोले निदेशक
सुरक्षित रिसर्च इकोसिस्टम न केवल आइडिया की रक्षा करता है, बल्कि शोधकर्ताओं को आत्मविश्वास के साथ नवाचार करने के लिए भी प्रेरित करता है। यह व्यवस्था संस्थान की विश्वसनीयता को और मजबूत करेगी। उच्च गुणवत्ता वाले सहयोग भी संस्थान को प्राप्त होंगे।
-प्रो. अमित पात्रा, निदेशक, आईआईटी बीएचयू