मेयर ने कहा कि अभी तक सिर्फ 1.60 लाख भवनों में ही क्यूआर कोड लगाया गया है, शत प्रतिशत भवनों में क्यूआर कोड लगाया जाए। शहर में स्थित सभी 45000 व्यवसायिक प्रतिष्ठानों से शत प्रतिशत डोर टू डोर कूड़ा उठान का यूजर चार्जेज वसूली के निर्देश दिए। पूर्व में जलकल के शिलान्यास किए गए कार्यों की प्रगति के संबंध में मेयर के द्वारा सूची उपलब्ध कराने के निर्देश दिये गए।
बैठक में उपसभापति नरसिंह दास, कार्यकारिणी सदस्य अमर देव यादव, श्याम आसरे मौर्य, मदन मोहन दुबे, सुरेश कुमार पटेल, प्रमोद राय, हनुमान प्रसाद, गरिमा सिंह, नगर आयुक्त अक्षत वर्मा, अपर नगर आयुक्त सविता यादव समेत अन्य मौजूद रहे।
मणिकर्णिका, हरिश्चंद्र, सरायमोहना घाट पर दस दिन में करें लकड़ी रखने की व्यवस्था : कार्यकारिणी सदस्य मदन मोहन दुबे ने कहा कि मणिकर्णिका घाट पर लकड़ी व्यवसायियों द्वारा घाट पर अवैध कब्जा कर लकड़ी रखी जाती है।
इससे घाटों पर अव्यवस्था और गंदगी होती है। उन्होंने सभी के लिए स्थान निर्धारित करने की मांग की। मेयर ने निर्देश दिए कि मणिकर्णिका घाट, हरिश्चंद्र घाट तथा सरायमोहना में जो भी लकड़ी व्यवसायी हैं उन्हे चिह्नित किया जाए और जानकारी प्राप्त कर घाटों पर पर 10 दिनों की लकड़ी रखे जाने का प्रावधान किया जाए।
एक महीने में सभी सीवर के टूटे ढक्कनों को बदलें
मेयर ने महाप्रबंधक जलकल को सीवर सफाई हेतु सभी जोनो में जेटिंग मशीन उपलब्ध कराने और पार्षद की मांग पर प्राथमिकता से उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। कहा कि नाला सफाई से पहले क्षेत्रीय पार्षद को बताया जाए। मेयर ने निर्देश दिए कि एक माह के भीतर सभी टूटे सीवर के ढक्कनों को बदला जाय तथा ब्रांच लाइन की सीवर सफाई का कार्य पूरा कराया जाए। मेयर ने निर्देश दिए कि कि मांस मछली बेचने वालों के लिए उपयुक्त स्थान चिह्नित किया जाए।