नोएडा से उठी होमगार्ड भ्रष्टाचार की आंच बनारस पहुंच गई है। सूत्रों की माने तो बनारस में कुछ कंपनी कमांडर ने दर्जनों होमगार्डों के एटीएम-पासबुक अपने कब्जे में रखे हुए हैं। इसकी गोपनीय जांच भी शुरू हो गई है। होमगार्ड नियुक्ति में हुए घोटाले की खबर उठी तो बनारस में कंपनी कमांडर की ओर से कुछ होमगार्डों को आनन-फानन में एटीएम और पासबुक लौटा दिए गए।
होमगार्ड नियुक्ति भ्रष्टाचार प्रकरण का मामला सामने आने के बाद शासन की ओर से सभी जिलों की गोपनीय जांच शुरू करा दी गई है। जिला कमांडेंट को निर्देशित किया गया है कि निरीक्षण के दौरान गड़बड़ियों की नब्ज पकडे़। कुछ होमगार्डों ने उच्चाधिकारियों से संपर्क कर कंपनी कमांडरों की शिकायत करते हुए यह भी कहा है कि 2016 से आने वाले एरियर पर निगाह गड़ाए हुए हैं। तीन से चार लाख रुपये मिलने वाले एरियर का आधा हिस्सा उन्हें चाहिए। बहरहाल, कार्यवाहक जिला कमांडेंट मार्कंडेय सिंह ने स्पष्ट कहा है कि होमगार्ड अपनी शिकायत मुझसे करें। नाम गोपनीय रखते हुए संबंधित के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
होमगार्डों की रोजाना ड्यूटी लगाने में भी कंपनी कमांडरों की ओर से खेल किया जाता है। कुछ बाबुओं की भी मिलीभगत होती है तो कुछ होमगार्ड मनचाहा ड्यूटी पाने को चढ़ावा तक चढ़ाते हैं। मौजूदा समय में सबसे अधिक होमगार्ड का मन यातायात में लग रहा है। यातायात ड्यूटी के लिए होमगार्ड तीन से चार सौ रुपये तक का चढ़ावा चढ़ा देते हैं।